चंडीगढ़ । भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता संजय टंडन ने मंगलवार को चंडीगढ़ में विभिन्न स्थानों पर आयोजित दशहरा समारोहों में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। इनमें सेक्टर-49 में दिव्य रामायण युवा कला मंच, सेक्टर-51 में जय श्री रामलीला मंच की ओर से आयोजित कार्यक्रम और सेक्टर-25 में खेड़ा मंदिर के पास आयोजित दशहरा समारोह शामिल रहे। समारोहों को संबोधित करते हुए टंडन ने कहा कि “दशहरा हमें याद दिलाता है कि बुराई चाहे कितनी भी शक्तिशाली क्यों न दिखाई दे, अंततः सत्य और धर्म की ही जीत होती है। भगवान श्रीराम का जीवन हमें अपने सिद्धांतों पर अडिग रहने, बड़ों का सम्मान करने, अपनी जिम्मेदारियां निभाने और अन्याय के खिलाफ मजबूती से खड़े होने का महत्व सिखाता है। उन्होंने कहा कि दशहरा केवल एक त्योहार नहीं है, बल्कि भगवान श्रीराम के जीवन में समाहित शाश्वत मूल्यों की भी याद दिलाता है।

उनका जीवन और आदर्श आज भी लोगों को सत्य, अनुशासन, त्याग, करुणा और कर्तव्य के मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित करते हैं। टंडन ने दशहरे के पावन अवसर पर लोगों को शुभकामनाएं दीं और इस त्योहार के शाश्वत महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि यह त्योहार बुराई पर अच्छाई, असत्य पर सत्य और अन्याय पर धर्म की विजय का प्रतीक है। सांस्कृतिक परंपराओं के महत्व पर जोर देते हुए टंडन ने कहा कि दशहरा जैसे त्योहार और रामलीला का मंचन भारत की समृद्ध सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत को संरक्षित रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे आयोजन समाज के विभिन्न वर्गों को एक साथ लाते हैं, सामाजिक सद्भाव को मजबूत करते हैं और युवा पीढ़ी को देश की गौरवशाली परंपराओं से जुड़ने में मदद करते हैं। टंडन ने संबंधित रामलीला और दशहरा समितियों के आयोजकों तथा स्वयंसेवकों के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने समारोहों का आयोजन करने और लोगों के बीच भगवान श्रीराम के संदेश को बढ़ावा देने के लिए उनके योगदान की प्रशंसा की।

